घोटालों में डूबी है एमपी सरकारः दिग्विजय

RSTV Bureau

मध्य प्रदेश प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड (एमपीपीईबी) में गड़बड़ियों के खुलासे के बाद से लगातार मध्य प्रदेश सरकार कटघरे में खड़ी नज़र आ रही है. प्रदेश की भाजपा सरकार पर विपक्षी दलों के हमले लगातार जारी हैं.

ताजा आरोप मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के महासचिव दिग्विजय सिंह की ओर से हैं. मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान पर आरोप लगाते हुए दिग्विजय सिंह ने कहा कि ये घोटाला तो बानगी भर है, प्रदेश की भाजपा सरकार पूरी तरह घोटालों से घिरी हुई है.

दिग्विजय सिंह ने कहा कि वे इस घोटाले से जुड़े सभी पहलुओं पर विस्तार से चर्चा करेंगे. साथ में पूर्व मुख्यमंत्री सिंह ने राज्य में एमबीबीएस में हुए सभी दाखिलों और नियुक्तिओं पर भी सवाल खड़े करते हुए इनकी जांच कराने की मांग की है.

दिग्विजय ने पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि इस मामले पर भाजपा और आरएसएस की प्रतिक्रिया क्यों नहीं आ रही है. दिग्विजय ने मुख्यमंत्री चौहान पर हमला बोलते हुए कहा कि शक की सुई अब मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की ओर है.

उधर मध्य प्रदेश की यूथ कांग्रेस ईकाई ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान पर इस घोटले में शामिल होने का आरोप लगाते हुए 27 जून को उनके भोपाल स्थित आवास को घेरने का आह्वान किया है.

निराधार आरोप

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री ने रविवार को खुजराहो में पार्टी कार्यकर्ताओं और विधायकों की बैठक में कहा कि उनकी सरकार ने कुछ भी गलत नहीं किया है. ऐसे में पार्टी कार्यकर्ताओं की शर्मिदा होने की कोई जरूरत नहीं है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि मामले की जांच के लिए विशेष कार्य दल (एसटीएफ) का गठन किया है और जांच के बाद सब कुछ साफ हो जाएगा. साथ में चौहान ने इस मामले में मानहानि का केस दायर करने की बात भी कही है.

गौरतलब है कि मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित एमपीपीईबी भर्ती घोटाला सबसे पहले जुलाई 2013 में चर्चा में आया. घोटाले में सरकारी नौकरियों और मेडिकल छात्रों का फर्जी दाखिला करने की बात सामने आई.

करीब एक साल के भीतर एसटीएफ की जांच में 100 से ज्यादा लोगों को आरोपी बनाया गया है जिसमें मंत्री से लेकर कॉलेजों के प्राचार्य और छात्र तक शामिल हैं.