मैन्यूफैक्चरिंग का आइडिया, ‘मेक इन इंडिया’

RSTV Bureau

modi2प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरूवार को राजधानी दिल्ली के विज्ञान भवन में देश और दुनिया के बड़े उद्योगपतियों की मौजूदगी में ‘मेक इन इंडिया’ की शुरुआत की. इस महत्वाकांक्षी अभियान को लॉन्च करते हुए उन्होंने कहा कि ‘मेक इन इंडिया’ को सफल बनाने के लिए सबका साथ ज़रूरी है.

इस मौक़े पर मौजूद देश के बड़े उद्योगपतियों को संबोधित करते हुए पीएम ने कहा कि पिछले तीन महीनों में उनकी सरकार के फैसलों से उद्योग घरानों में भरोसे का माहौल बना है.

‘मेक इन इंडिया’ को ग़रीबों के लिए उपयोगी बताते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि इससे बड़े पैमाने पर मैन्यूफैक्चरिंग इंडस्ट्री के रास्ते खुलेंगे, जिससे ग़रीबों को पर्याप्त मात्रा में रोज़गार के अवसर मुहैया होंगे और उनकी बढ़ी हुई क्रय शक्ति से देश की अर्थव्यवस्था मज़बूत होगी.

देश के विकास में सरकार के साथ जनता की भागीदारी को अहम बताते हुए पीएम ने ‘एफ़डीआई’ टर्म का इस्तेमाल करते हुए एक नई अवधारणा ‘फर्स्ट डेवेलप इंडिया’ का ज़िक्र किया. प्रधानमंत्री ने कहा “सरकार देश के हर नागरिक के लिए होती है. लोग आजकल एफ़डीआई की बात कर रहे हैं, जहां देशवासियों के लिए ये एक ज़िम्मे‍दारी है तो वहीं विदेशी उद्यमियों के लिए ये एक अवसर है”.

प्रधानमंत्री ने कहा कि “हम नहीं चाहते है कि हमारे व्यवसायी देश छोड़कर बाहर चले जाएं. मुझे यह देखकर बहुत तकलीफ़ होती है कि लोग भारत में निवेश करने के इच्छुक नहीं हैं”. व्यापारियों के लिए आशावादी माहौल तैयार करने को प्राथमिकता बताते हुए पीएम ने कहा “बीते कुछ सालों में मैं जिससे मिलता था, वह अपना व्यवसाय विदेश में शिफ्ट करना चाहता था. हमने उस माहौल को पूरी तरह बदलने की कोशिश की है, जिसकी वजह से व्यापारी देश छोड़ने के लिए मजबूर होते हैं”.

प्रधानमंत्री ने उद्योगपतियों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि बेहतर व्यवसाय के लिए कॉर्पोरेट गवर्नेंस ज़रूरी है. उन्होंने कहा कि उद्योगपतियों को सरकार पर भरोसा करना चाहिए.
‘मेक इन इंडिया’ की लॉन्चिंग के मौके पर देश के तमाम बड़े उद्योगपति मौजूद थे. प्रधानमंत्री के इस फैसले की तारीफ करते हुए रिलायंस इंडस्ट्रीज़ के चेयरमैन मुकेश अंबानी ने आने वाले 12 से 15 महीनों में सवा लाख नौकरियों के अवसर का भरोसा दिलाया. आईसीआईसीआई बैंक की प्रमुख चंदा कोचर ने कहा कि पीएम मोदी की इस पहल से भारत की अर्थव्यवस्था को एक नई रफ्तार मिलेगी. वहीं विप्रो के प्रमुख अज़ीम प्रेमजी ने कहा कि मैनुफैक्चररिंग सेक्टर की कामयाबी ग्लोबल मार्केट की मांग पूरी करने में है.

विश्व के कई देशों की राजधानी में ‘मेक इन इंडिया’ प्रोग्राम के प्रमोशन के लिए ख़ास इंतजाम किए गए. गौरतलब है कि प्रधानमंत्री ने 15 अगस्त को लाल किले की प्राचीर से भाषण देते हुए ‘मेक इन इंडिया’ का नारा दिया था. इस कार्यक्रम के तहत दुनिया की टॉप 3000 कंपनियों को भारत में निवेश करने का लक्ष्य केंद्रित है.