सोनिया-राहुल को मिली जमानत, अब 20 फ़रवरी को सुनवाई

RSTV Bureau
New Delhi: Congress President Sonia Gandhi and Rahul Gandhi going inside at the Patiala House Courts in New Delhi on Saturday, December 19, 2015. Photo - PTI

Photo – PTI

नेशनल हेरॉल्ड केस में दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट में आज तय वक्त पर कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और उपाध्यक्ष राहुल गांधी पेश हुए. कोर्ट में करीब 5 मिनट तक चली सुनवाई के बाद इन्हें 50-50 हजार रुपए के निजी मुचलके और इतनी ही जमानत राशि के आधार पर जमानत दे दी गई। मामले की अगली सुनवाई 20 फरवरी को दो बजे होगी। इस मामले में दूसरे आरोपी मोतीलाल वोरा, ऑस्कर फर्नांडिज और सुमन दुबे को भी जमानत मिल गई। एक अन्य आरोपी सैम पित्रोदा को चिकित्सा आधार पर निजी रूप से पेश होने से छूट दे दी गई।

सोनिया गांधी और राहुल गांधी के वकील कपिल सिब्बल और अभिषेक मनु सिंघवी ने बताया कि बिना किसी शर्त के जमानत मंजूर कर ली गई है। इस मामले में याचिकाकर्ता और बीजेपी नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने सुनवाई के दौरान तर्क दिया कि आरोपियों का पासपोर्ट जब्त किया जाना चाहिए क्योंकि वे देश छोड़ सकते हैं। लेकिन मजिस्ट्रेट ने इन्हें जमानत देते हुए कहा कि आरोपी जाने-माने लोग हैं और इनके गहरे राजनीतिक आधार हैं लिहाजा इनके देश छोड़कर भागने की कोई आशंका नहीं है।

New Delhi: Congress President Sonia Gandhi with party Vice President Rahul Gandhi and former prime minister Manmohan Singh talks to newsmen, after attending a hearing in National Herald Case, at party office in New Delhi on Saturday, Dec 19, 2015.  Photo - PTI

Photo – PTI

इधर, अदालत में सुनवाई चल रही थी तो उधर अदालत के बाहर मीडिया समेत देशभर की निगाहें इसके नतीजे पर टिकी थीं। जमानत मिलने के बाद सोनिया गांधी मीडिया से मुखातिब हुईं। उन्होंने कहा कि “इस मामले के पीछे के लोगों की मंशा से मैं भलीभांति वाकिफ हूं, ये लोग काफी समय से हमें निशाना बनाने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन वे सफल नहीं होंगे”. सोनिया गांधी ने कहा कि कांग्रेस की लड़ाई जारी रहेगी और पार्टी लोगों के हितों के लिए संघर्ष करती रहेगी.

कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा कि “ मैं कानून का आदर करता हूं लेकिन मोदी जी झूठे इल्जाम लगाते है। मैं और कांग्रेस पार्टी नहीं झुकेंगे और हम गरीबों के लिए लड़ते रहेंगे। बीजेपी की ओर से मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि “कोर्ट की लड़ाई कोर्ट में लड़ी जानी चाहिए और राजनीतिक लड़ाई का जवाब देने के लिए पार्टी तैयार है।” नकवी ने कहा कि इस मामले में सरकार की कोई भूमिका नहीं है।

नेशनल हेरॉल्ड अखबार पूर्व प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू ने 1938 में शुरू किया था। आज़ादी के आंदोलन में इस अखबार ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. आज़ादी के बाद धीरे-धीरे अखबार की हालत बिगड़ती गई और 2008 में ये अखबार छपना बंद हो गया। इसके बाद यंग इंडियन नाम की एक निजी कंपनी ने नेशनल हेरॉल्ड की संपत्ति का अधिग्रहण कर लिया था। बीजेपी नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने 2012 में अदालत में याचिका दायर कर कांग्रेस के नेताओं पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया। उन्होंने यंग इंडियन में सोनिया गांधी-राहुल गांधी की 38-38 फीसदी हिस्सेदारी बताई।

सोनिया गांधी और राहुल गांधी के साथ सुमन दुबे, मोतीलाल वोरा, ऑस्कर फर्नांडिज़, सैम पित्रोदा और कंपनी यंग इंडियन लिमिटेड आरोपी हैं। सात दिसंबर को दिल्ली हाईकोर्ट ने समन रद्द करने की कांग्रेस नेताओं की याचिका खारिज कर दी थी। हाईकोर्ट ने निजी पेशी से छूट देने से भी मना कर दिया था। इसके बाद आठ दिसंबर को मजिस्ट्रेट ने इन नेताओं को 19 दिसंबर को पेश होने का समन जारी किया था।