हाफ़िज़ सईद से वैदिक की मुलाक़ात देशद्रोहः शिवसेना

RSTV Bureau

vaidikएनडीए के अहम घटक दल शिवसेना ने मुंबई हमले के साजिशकर्ता हाफ़िज़ सईद से वरिष्ठ पत्रकार वेद प्रताप वैदिक की मुलाक़ात पर सख़्त नाराज़गी ज़ाहिर करते हुए केंद्र सरकार के रवैये पर सवाल उठाए है.

शिवसेना के मुखपत्र ‘सामना’ के संपादकीय में शिवसेना ने कहा कि सरकार का महज़ यह कहना कि हमारा इस मसले से कोई लेना देना नहीं से काम नहीं चलेगा. यदि इस समय कांग्रेस की सरकार होती और कोई पत्रकार हाफ़िज़ सईद या दाउद इब्राहिम जैसे शख़्स से मुलाक़ात करता तो बीजेपी सरकार पर हमला करती.

शिवसेना ने कहा कि आज हम सत्ता में है इसलिए सिर्फ़ यह कहने से काम नहीं चलेगा कि इस मसले से हमारा कोई लेना देना नहीं है, बल्कि ज़रुरत यह है कि मुद्दे की तह तक जाया जाए. शिवसेना ने कहा कि किसी भी तरह से हिंदू मुस्लिम भेद-भाव नहीं होना चाहिए क्योंकि यह राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा मामला है.

शिवसेना ने ‘सामना’ में आगे कहा कि अगर पत्रकार को यूं ही छोड़ दिया जाएगा तो कल को कोई भी जाएगा और दाउद सईद और टाईगर मेनन जैसे लोगों के साथ बिरयानी का मज़ा लेगा.

शिवसेना ने कहा कि मोदी सरकार ने अच्छी शुरुआत की है उसे ऐसे किसी एक व्यक्ति के ग़लत काम के कारण उसे परेशानियों का सामना नहीं करना चाहिए, यह अच्छी बात है कि विदेशमंत्री ने इस मुलाक़ात की संसद में निंदा की है.

शिवसेना ने कहा कि मुल्क़ के दुश्मन के साथ मुलाक़ात करना देशद्रोह है, सरकार को इसके ख़िलाफ़ कार्रवाई करना चाहिए.

शिवसेना ने सवाल उठाया कि वेद प्रताप वैदिक को देश की संप्रभुता और अखंडता के मुद्दों पर टिप्पणी करने का अधिकार किसने दिया. शिवसेना ने कहा कि हम पाकिस्तान सरकार और आईएसआई के रवैये से बिल्कुल हैरान है कि आम भारतीयों को वीज़ा देने से इंकार करने वाली पाकिस्तान सरकार वैदिक को लेकर इतनी रहम-दिल कैसे हो गई.

वैदिक एक स्वतंत्र पत्रकार है जिन्होंने बताया है कि उनकी हाफ़िज़ सईद से 2 जुलाई को मुलाक़ात हुई थी.