सरकारों के गठन पर भाजपा में मंथन और बैठकों का दौर

RSTV Bureau

bjp_meetingमहाराष्ट्र और हरियाणा में अप्रत्याशित नतीजों के बाद दोनों राज्यों में सरकार के गठन को लेकर भाजपा में मंथन और बैठकों का दौर शुरु हो चुका है. हरियाणा में भाजपा बहुमत का जादुई आंकड़ा छूने में सफल रही वहीं महाराष्ट्र में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी बनी है.

रविवार को भाजपा संसदीय बोर्ड की बैठक के बाद दोनों राज्यों में मुख्यमंत्री पद और सरकार को गठन पर चर्चा हुई. गृहमंत्री राजनाथ सिंह और पार्टी महासचिव जे पी नड्डा को महाराष्ट्र का केंद्रीय पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है.

हरियाणा में पार्टी को बहुमत हासिल है ऐसे में वहां सरकार बनाने में भाजपा को कोई दिक्कत नहीं होगी. केंद्रीय मंत्री वेंकैया नायडू और भाजपा उपाध्यक्ष दिनेश शर्मा को हरियाणा का केंद्रीय पर्यवेक्षक बनाया गया है.

दोनों राज्यों के पर्यवेक्षक मंगलवार को राज्यों का दौरा करेंगे. जहां जमीनी हालात और पार्टी आलाकमान के बीच बातचीत के जरिए विधायक दल के नेता का चुनाव हो सकता है.

महाराष्ट्र में एनसीपी ने भाजपा को बाहर से समर्थन देने का प्रस्ताव रखा है. भाजपा के बाद राज्य में शिवसेना दूसरी बड़ी पार्टी है. शिवसेना सुप्रीमों उद्धव ठाकरे ने कहा है कि अगर भाजपा हमसे समर्थन मांगती है तो उनके प्रस्ताव पर विचार किया जाएगा.

महाराष्ट्र में सबसे बड़ी पार्टी होने के नाते अगला मुख्यमंत्री भाजपा का ही होगा इस बात के साफ संकेत मिल रहे हैं. ऐसे में प्रदेश भाजपा अध्यक्ष देवेंद्र फड़नवीस का नाम मुख्यमंत्री पद की दौड़ में सबसे आगे चल रहा है.

परली से भाजपा की टिकट पर चुनाव जीत चुकीं पंकजा मुंडे भी सार्वजनित तौर पर मुख्यमंत्री पद के लिए अपनी दावेदारी पेश कर चुकीं हैं. पंकजा दिवंगत भाजपा नेता गोपीनाथ मुंडे की बेटी हैं.

इसके अलावा महाराष्ट्र विधानसभा में नेता विपक्ष एकनाथ खडसे का नाम भी मुख्यमंत्री की कुर्सी के लिए सामने आ रहा है. खडसे महाराष्ट्र में भाजपा का भरोसेमंद चेहरा माने जाते हैं.

उधर हरियाणा में मुख्यमंत्री पद को लेकर भाजपा नेता और करनाल से विधायक मनोहर लाल खट्टर का नाम सबसे आगे चल रहा है. दूसरी तरह प्रदेश भाजपा अध्यक्ष राम बिलास शर्मा और अंबाला कैंट से विधायक अनिल विज़ भी मुख्यमंत्री पद की दौड़ में शामिल हैं.

सोमवार को चंडीगढ़ में नवनिर्वाचित भाजपा विधायकों की बैठक हो सकती है जहां विधायक दल के नेता का नाम तय होने की संभावना है. ऐसे कयास लगाए जा रहे हैं कि भाजपा नेतृत्व हरियाणा में दिवाली से पहले मुख्यमंत्री पद के नाम पर मुहर लगा देगा.

हरियाणा में भाजपा के पास बहुमत है इस लिहाज से वहां सरकार बनाने का रास्ता आसान रहेगा. महाराष्ट्र में भाजपा को सरकार बनाने के लिए गठजोड़ की जरूरत पड़ेगी. पार्टी की ओर से ऐसे संकेत आ रहे हैं कि वह राज्य में बिना किसी बड़ी पार्टी को साथ लिए सरकार बना सकती है.

ऐसे में एनसीपी या शिवसेना के साथ जाकर सरकार बनाने की अटकलों पर विराम लग जाएगा. आने वाले दिनों में भाजपा के भीतर महाराष्ट्र में सरकार बनाने को लेकर मंथन और बैठकों का दौर जारी रहने की उम्मीद है.